मंत्र · Shukra

Shukra Mantra (Om Draam Dreem Draum Sah Shukraya Namah)

ॐ द्रां द्रीं द्रौं सः शुक्राय नमः

Om Draam Dreem Draum Sah Shukraya Namah

॥ ॐ ॥

अर्थ

मैं शुक्र देव को नमन करता हूँ। "द्रां द्रीं द्रौं" बीज अक्षर शुक्र ग्रह की सौंदर्य, सामंजस्य और समृद्धि से जुड़ी ऊर्जा का प्रतीक हैं। यह मंत्र रिश्तों में सामंजस्य, कला के प्रति रुचि और जीवन में सुख-समृद्धि के लिए जपा जाता है।

जप विधि

अनुशंसित संख्या: 108 times, traditionally using a diamond, white sapphire, or crystal mala if available, though any mala is acceptable

मंत्र-जप में संख्या से अधिक महत्वपूर्ण श्रद्धा, स्पष्ट उच्चारण और नियमितता है। शांत स्थान चुनें, आराम से बैठें और अपनी सांस को सहज रहने दें। मंत्र को जल्दी-जल्दी पढ़ने के बजाय उसके शब्दों और भाव पर ध्यान दें। यदि आप नए साधक हैं तो कम संख्या से शुरुआत करके धीरे-धीरे अभ्यास बढ़ा सकते हैं। परंपराओं में जप की विधि अलग हो सकती है, इसलिए अपने परिवार या गुरु से मिली मर्यादा का सम्मान करें। मंत्र आध्यात्मिक साधना का सहारा है; स्वास्थ्य, कानूनी या आर्थिक समस्या में आवश्यक व्यावहारिक सहायता भी अवश्य लें।

इस मंत्र का पारंपरिक संदर्भ, संस्कृत पाठ और अंग्रेज़ी व्याख्या देखने के लिए अंग्रेज़ी पृष्ठ पढ़ें। अन्य देवताओं के मंत्रों के लिए हिंदी मंत्र संग्रह पर जाएँ।

Read this page in English →